मनेंद्रगढ़ जिले में आपातकालीन सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में रविवार को एक अहम कदम उठाया गया। कोतवाली थाना परिसर में आयोजित कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने जिले को मिले 8 नए इमरजेंसी रिस्पॉन्स व्हीकल (ERV) को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े और पुलिस अधीक्षक श्रीमती रतना सिंह भी मौजूद रहीं।
कार्यक्रम के दौरान मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि डायल-112 नेक्स्ट जेन सेवा के जरिए जिले को आधुनिक तकनीक से लैस वाहन मिले हैं, जिससे आपातकालीन सहायता व्यवस्था पहले की तुलना में अधिक तेज और व्यवस्थित हो सकेगी। उन्होंने कहा कि दुर्घटना, अपराध, स्वास्थ्य आपातकाल, महिला सुरक्षा और अन्य संकट की स्थितियों में लोगों तक समय पर मदद पहुंचाना इस सेवा का मुख्य उद्देश्य है।
उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश में नागरिक सुरक्षा और त्वरित राहत व्यवस्था को मजबूत करने के लिए लगातार काम किया जा रहा है। नई व्यवस्था से पुलिस, स्वास्थ्य और अन्य आपात सेवाओं को बेहतर तरीके से एकीकृत किया गया है।
इन वाहनों में कई आधुनिक तकनीकी सुविधाएं जोड़ी गई हैं। अधिकारियों के मुताबिक ERV में GPS सिस्टम, PTZ कैमरा, डैश कैमरा, मोबाइल डेटा टर्मिनल (MDT) और स्मार्ट मोबाइल फोन जैसी तकनीक उपलब्ध है। इससे कंट्रोल रूम से वाहन की निगरानी और घटनास्थल तक त्वरित पहुंच सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
पुलिस अधीक्षक श्रीमती रतना सिंह ने बताया कि जिले को मिले 8 वाहनों में से 7 वाहन अलग-अलग क्षेत्रों में 24 घंटे लगातार सेवा देंगे, जबकि एक वाहन रिजर्व रखा गया है। इसका उद्देश्य यह है कि किसी तकनीकी खराबी या आकस्मिक स्थिति में सेवा प्रभावित न हो।
उन्होंने कहा कि इन वाहनों के शुरू होने से शहरी क्षेत्रों के साथ-साथ ग्रामीण इलाकों में भी पुलिस सहायता और इमरजेंसी रिस्पॉन्स सिस्टम पहले से ज्यादा मजबूत होगा। सड़क हादसे, स्वास्थ्य आपातकाल या किसी अन्य संकट की स्थिति में त्वरित मदद उपलब्ध कराई जा सकेगी।
अधिकारियों ने बताया कि डायल-112 सेवा प्रदेश में वर्ष 2018 से संचालित है, लेकिन नेक्स्ट जेन फेज-II के तहत अब इसका विस्तार छत्तीसगढ़ के सभी 33 जिलों तक कर दिया गया है। इस प्रणाली में पुलिस, स्वास्थ्य सेवा, अग्निशमन, महिला हेल्पलाइन, चाइल्ड हेल्पलाइन, आपदा प्रबंधन और राष्ट्रीय हाईवे सेवाओं को एकीकृत प्लेटफॉर्म से जोड़ा गया है।
यानी अब नागरिक एक ही नंबर 112 पर कॉल कर अलग-अलग प्रकार की आपात सहायता प्राप्त कर सकेंगे। प्रदेश स्तर पर इस परियोजना के तहत करीब 400 इमरजेंसी रिस्पॉन्स व्हीकल तैनात किए जा रहे हैं।
मनेंद्रगढ़ के इस कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, पुलिस अधिकारियों, प्रशासनिक कर्मचारियों और स्थानीय नागरिकों की मौजूदगी रही। जिले में डायल-112 नेक्स्ट जेन सेवा शुरू होने के बाद स्थानीय स्तर पर इसे सुरक्षा और राहत व्यवस्था के लिहाज से महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



