कांकेर–नारायणपुर सीमावर्ती क्षेत्र में नक्सल उन्मूलन अभियान के दौरान सुरक्षा बलों को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। थाना छोटेबेठिया क्षेत्रांतर्गत ग्राम बीनागुण्डा के पास सर्चिंग के दौरान नक्सलियों द्वारा डम्प कर रखी गई हथियार, आईईडी एवं अन्य नक्सल सामग्री बरामद की गई। यह कार्रवाई डीआरजी और बीएसएफ बलों की संयुक्त टीम द्वारा 13 फरवरी 2026 को की गई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, नक्सल विरोधी अभियान पुलिस महानिरीक्षक बस्तर रेंज सुंदरराज पी. के मार्गदर्शन में संचालित किया जा रहा है। अभियान में पुलिस अधीक्षक कांकेर निखिल कुमार राखेचा, बीएसएफ डीआईजी सेक्टर कन्हारगांव (भानुप्रतापपुर) ओमप्रकाश तथा 94वीं वाहिनी बीएसएफ बांदे के सेनानी राघवेन्द्र सिंह के निर्देशन में संयुक्त बल लगातार क्षेत्र में सर्चिंग और एरिया डोमिनेशन गतिविधियां चला रहे हैं।
इसी क्रम में संयुक्त टीम द्वारा ग्राम बीनागुण्डा के आसपास संदिग्ध गतिविधियों की सूचना के आधार पर सघन सर्चिंग की गई। सर्चिंग के दौरान जंगल क्षेत्र में छिपाकर रखी गई सामग्री बरामद हुई। बरामद सामग्री में दो बीजीएल लांचर, दो 12 बोर बंदूक, एक एयरगन, तीन डायरेक्शन आईईडी तथा लगभग पांच किलोग्राम वजन का एक टिफिन आईईडी शामिल है। इसके अतिरिक्त 30 बीजीएल बम, 26 नग 12 बोर राउंड, प्लास्टिक पैकेट में लगभग दो किलोग्राम बारूद, मल्टीमीटर, फटाखा पैकेट, बिजली वायर, स्प्लिंटर तथा नक्सल साहित्य भी जब्त किया गया।
अधिकारियों का कहना है कि बरामद आईईडी एवं विस्फोटक सामग्री किसी बड़ी घटना को अंजाम देने के उद्देश्य से डम्प कर रखी गई थी। सुरक्षा बलों की त्वरित कार्रवाई से संभावित नक्सली वारदात को टालने में सफलता मिली है। बरामद सामग्री को विधिवत जब्त कर आगे की वैधानिक प्रक्रिया पूरी की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, लगातार चलाए जा रहे सर्च अभियान और संयुक्त बलों की सक्रियता से नक्सलियों की गतिविधियों पर दबाव बना हुआ है। सीमावर्ती एवं संवेदनशील क्षेत्रों में अभियान को और तेज करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ रखने तथा नक्सल गतिविधियों पर अंकुश के लिए डीआरजी और बीएसएफ बलों द्वारा नियमित अभियान जारी रहेगा।
इस कार्रवाई के बाद संबंधित क्षेत्र में सुरक्षा बलों द्वारा अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है तथा आसपास के इलाकों में भी सर्चिंग अभियान संचालित किया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि नक्सल उन्मूलन अभियान के तहत ऐसी कार्रवाइयां आगे भी जारी रहेंगी।



