रायपुर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में स्थित जिला न्यायालय परिसर से पेशी के बाद जेल ले जाए जा रहे दो आरोपी पुलिसकर्मियों को चकमा देकर फरार हो गए। घटना के बाद पुलिस विभाग में सतर्कता बढ़ा दी गई है। दोनों आरोपियों के खिलाफ पहले से हत्या के प्रयास, मारपीट एवं अन्य आपराधिक प्रकरण दर्ज बताए गए हैं।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, फरार आरोपियों की पहचान राजेश मारकण्डे (38) और तुलाराम मारकण्डे (21) के रूप में हुई है। दोनों के विरुद्ध अभनपुर थाना में गंभीर अपराधों से संबंधित मामले दर्ज हैं। जानकारी के मुताबिक, 10 फरवरी को न्यायालय द्वारा दोनों के अनुपस्थित रहने पर गिरफ्तारी वारंट जारी किया गया था।
बताया गया कि 11 फरवरी को आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया। पेशी की प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद पुलिसकर्मी उन्हें जेल ले जाने के लिए न्यायालय परिसर से बाहर ला रहे थे। इसी दौरान आरोपियों ने मौके का लाभ उठाते हुए आरक्षक को चकमा दिया और फरार हो गए। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपियों को हथकड़ी लगाई गई थी, इसके बावजूद वे पुलिस की पकड़ से बाहर निकलने में सफल रहे।
घटना की सूचना मिलते ही सिविल लाइन थाना पुलिस सक्रिय हुई और आरोपियों की तलाश प्रारंभ की गई। फरारी के संबंध में विधिसम्मत कार्रवाई करते हुए आरोपियों के विरुद्ध FIR दर्ज की गई है। पुलिस ने न्यायालय परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगालने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इसके अतिरिक्त न्यायालय परिसर में मौजूद लोगों, राहगीरों एवं स्थानीय व्यापारियों से पूछताछ की जा रही है, ताकि आरोपियों के भागने के मार्ग और दिशा की पुष्टि की जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपियों की गिरफ्तारी प्राथमिकता पर है। विभिन्न टीमों को अलग-अलग क्षेत्रों में रवाना किया गया है तथा संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। पुलिस ने यह भी संकेत दिया है कि तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की लोकेशन ट्रैक करने का प्रयास किया जा रहा है।
उल्लेखनीय है कि हाल के समय में न्यायालय और थाना परिसरों से आरोपियों के फरार होने की घटनाएं सामने आती रही हैं। पुलिस विभाग ने ऐसी घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षा प्रोटोकॉल की समीक्षा एवं सख्ती बढ़ाने की बात कही है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।



