रायपुर में करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राज शेखावत के खिलाफ फेसबुक लाइव के दौरान पुलिस अधिकारियों को धमकी देने का मामला दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई उस समय हुई जब संगठन के उपाध्यक्ष और छत्तीसगढ़ इकाई के प्रमुख वीरेंद्र सिंह तोमर को रायपुर पुलिस ने गिरफ्तार किया। तोमर के खिलाफ कई आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं, जिनके आधार पर पुलिस ने उन्हें हिरासत में लिया था। गिरफ्तारी के बाद करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राज शेखावत ने फेसबुक लाइव कर पुलिस कार्रवाई को गलत बताते हुए गंभीर आरोप लगाए और पुलिस अधिकारियों तथा मामले से जुड़े अन्य लोगों को खुलेआम धमकियां दीं। लाइव वीडियो तेजी से सोशल मीडिया में फैल गया, जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया।
मौधा पारा थाना प्रभारी निरीक्षक योगेश कश्यप की शिकायत पर शेखावत के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 296 और धारा 224 के तहत अपराध दर्ज किया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह ने पुष्टि की कि मामले की जांच जारी है और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने करणी सेना के एक अन्य सदस्य रोहित तोमर को भी नामजद किया है, जो वर्तमान में फरारी पर है और उसकी सक्रिय तलाश की जा रही है।
घटना ने राज्य में सोशल मीडिया के माध्यम से भड़काऊ बयानबाजी और संगठनों द्वारा डिजिटल मंचों से दबाव बनाने की प्रवृत्ति को लेकर नई बहस छेड़ दी है। करणी सेना पहले भी विवादों और टकरावों को लेकर सुर्खियों में रही है, लेकिन पुलिस अधिकारियों को फेसबुक लाइव पर धमकी देना गंभीर कानून व्यवस्था संबंधी चिंता माना जा रहा है। पुलिस विभाग ने संवेदनशीलता को देखते हुए सोशल मीडिया की निगरानी बढ़ा दी है और क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी प्रकार की उकसावे वाली गतिविधि पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जांच आगे बढ़ने के साथ पुलिस डिजिटल सबूतों की फोरेंसिक जांच कर रही है, इसके साथ ही आरोपी के बयानों और घटनाक्रम की विस्तृत पड़ताल की जा रही है। मामले में अगले कुछ दिनों में प्रमुख कानूनी कदम उठाए जाने की संभावना है।



