रायपुर से राज्य पुलिस प्रशासन से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। छत्तीसगढ़ शासन के गृह (पुलिस) विभाग ने राज्य के नए पुलिस महानिदेशक यानी डीजीपी की नियुक्ति का आदेश जारी कर दिया है। 1992 बैच के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी Arun Dev Gautam को छत्तीसगढ़ पुलिस बल का नया प्रमुख नियुक्त किया गया है।
यह नियुक्ति संघ लोक सेवा आयोग यानी UPSC की अनुशंसा के बाद की गई है। आदेश 16 मई 2026 को नया रायपुर स्थित मंत्रालय से जारी हुआ। आदेश राज्यपाल के नाम से जारी किया गया है, जिसके बाद पुलिस विभाग में नई प्रशासनिक व्यवस्था प्रभावी हो गई।
अरुण देव गौतम अभी तक प्रभारी पुलिस महानिदेशक के रूप में जिम्मेदारी संभाल रहे थे। राज्य सरकार ने उनके सेवा अनुभव और रिकॉर्ड को देखते हुए नियमित नियुक्ति पर मुहर लगाई है। उन्हें वेतन मैट्रिक्स लेवल-17 के तहत प्रतिमाह 2.25 लाख रुपये वेतन मिलेगा।
राज्य के पूर्व डीजीपी Ashok Juneja का कार्यकाल सोमवार को समाप्त हो गया। उन्हें इससे पहले दो बार सेवा विस्तार दिया जा चुका था। रायपुर पुलिस मुख्यालय में सोमवार को उनके लिए विदाई कार्यक्रम भी आयोजित किया गया।
पुलिस विभाग के अधिकारियों के मुताबिक अरुण देव गौतम बुधवार को औपचारिक रूप से पदभार ग्रहण कर सकते हैं। उनकी नियुक्ति को प्रशासनिक और पुलिस महकमे में महत्वपूर्ण बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है।
छत्तीसगढ़ राज्य गठन के बाद अरुण देव गौतम ने छत्तीसगढ़ कैडर चुना था। राज्य में वे कई महत्वपूर्ण जिलों में पुलिस अधीक्षक के पद पर काम कर चुके हैं। कोरिया, रायगढ़, जशपुर, राजनांदगांव, सरगुजा और बिलासपुर जिलों में उन्होंने एसपी के रूप में जिम्मेदारी संभाली है।
पुलिस सेवा के दौरान उन्हें कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय सम्मान भी मिल चुके हैं। वर्ष 2002 में संघर्ष प्रभावित कोसोवा में सेवा देने के लिए उन्हें संयुक्त राष्ट्र पदक से सम्मानित किया गया था। इसके अलावा वर्ष 2010 में सराहनीय सेवाओं के लिए भारतीय पुलिस पदक और 2018 में विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पुलिस पदक भी दिया गया।
पुलिस अधिकारियों के बीच अरुण देव गौतम को फील्ड और प्रशासनिक दोनों अनुभव रखने वाले अधिकारी के तौर पर देखा जाता है। लंबे समय तक जिले और मुख्यालय स्तर पर काम करने के कारण उनकी पकड़ कानून-व्यवस्था और संगठनात्मक मामलों पर मानी जाती है।
रायपुर स्थित पुलिस मुख्यालय में नई नियुक्ति को लेकर पूरे दिन चर्चा बनी रही। विभागीय स्तर पर अब आने वाले समय में पुलिस प्रशासन की नई कार्यशैली और प्राथमिकताओं को लेकर भी अटकलें शुरू हो गई हैं।



