बिलासपुर जिले के कोनी क्षेत्र स्थित शासकीय पोल्ट्री फार्म में बर्ड फ्लू की पुष्टि के बाद प्रशासन ने एहतियाती कदम तेज कर दिए हैं। 19 से 24 मार्च के बीच फार्म में 4,744 मुर्गियों की अचानक मौत हुई, जिसके बाद जांच के लिए भेजे गए नमूनों में एवियन इन्फ्लूएंजा की पुष्टि हुई।
पशुपालन विभाग के अधिकारियों के अनुसार पोल्ट्री फार्म में कुल 5,037 मुर्गियां थीं। मृत पक्षियों के नमूने भोपाल और पुणे की प्रयोगशालाओं में भेजे गए थे, जहां जांच रिपोर्ट में संक्रमण की पुष्टि हुई।
संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए प्रशासन ने तत्काल कार्रवाई करते हुए बड़ी संख्या में चूजों और अन्य पक्षियों को वैज्ञानिक तरीके से नष्ट किया है। इसके साथ ही चारे और अन्य सामग्री को भी सुरक्षित तरीके से निपटान किया गया है।
प्रशासन ने फार्म के आसपास एक किलोमीटर के दायरे को संक्रमित क्षेत्र और 10 किलोमीटर के दायरे को निगरानी क्षेत्र घोषित किया है। संक्रमित क्षेत्र में पोल्ट्री, अंडे और संबंधित सामग्री के आवागमन पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। साथ ही मांस बिक्री पर भी नियंत्रण लागू किया गया है।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा क्षेत्र के लोगों की निगरानी की जा रही है, जबकि पोल्ट्री फार्म के कर्मचारियों के नमूने जांच में अब तक सामान्य पाए गए हैं। आसपास के क्षेत्रों में भी सतर्कता बढ़ाई गई है और अन्य पोल्ट्री फार्मों की जांच की जा रही है।
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि पक्षियों की असामान्य मृत्यु की स्थिति में तुरंत सूचना दें और जैव सुरक्षा नियमों का पालन करें। संक्रमण नियंत्रण के लिए किलिंग और सैनिटाइजेशन की प्रक्रिया जारी है।


