पुलिस अधीक्षक ने थाना में लंबित अपराध, शिकायत, मर्ग, गुम इंसान और अन्य प्रकरणों की विस्तार से समीक्षा की। उन्होंने विवेचना से जुड़े मामलों में प्रगति की जानकारी ली और अधिकारियों को समयबद्ध तरीके से प्रकरणों का निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। समीक्षा के दौरान प्रत्येक प्रकरण की स्थिति पर चर्चा की गई और लंबित मामलों के निपटारे में आने वाली बाधाओं के संबंध में भी जानकारी ली गई।
निरीक्षण के दौरान एसपी ने थाना के रोजनामचा, अपराध पंजी, अभिलेख संधारण व्यवस्था, मालखाना और शस्त्रागार का अवलोकन किया। उन्होंने आर्म्स एवं एम्युनेशन के रख-रखाव की स्थिति का भी निरीक्षण किया तथा संबंधित अभिलेखों का परीक्षण किया। अभिलेखों के संधारण और दस्तावेजों की अद्यतन स्थिति को लेकर आवश्यक निर्देश दिए गए।
थाना परिसर की व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए पुलिस अधीक्षक ने साफ-सफाई और रिकॉर्ड प्रबंधन पर विशेष ध्यान देने की बात कही। उन्होंने थाना प्रभारी चंद्रशेखर श्रीवास को निर्देशित किया कि थाना परिसर में स्वच्छता बनाए रखने के साथ-साथ सभी अभिलेखों का सुव्यवस्थित संधारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर किसी भी जानकारी तक आसानी से पहुंचा जा सके।
निरीक्षण के दौरान थाना में पदस्थ प्रशिक्षु उपनिरीक्षकों से भी पुलिस अधीक्षक ने चर्चा की। उन्होंने पुलिस कार्यप्रणाली, विवेचना की प्रक्रिया, कानून-व्यवस्था संधारण तथा आम नागरिकों के साथ व्यवहार संबंधी महत्वपूर्ण बिंदुओं पर मार्गदर्शन दिया। प्रशिक्षु अधिकारियों को अपने कर्तव्यों का निर्वहन निष्ठा, अनुशासन और जिम्मेदारी के साथ करने की सलाह दी गई।
पुलिस अधीक्षक ने थाना स्टाफ को क्षेत्र में अपराध नियंत्रण के लिए प्रभावी पेट्रोलिंग बढ़ाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि नागरिकों की शिकायतों पर संवेदनशीलता के साथ कार्रवाई की जाए और प्रत्येक शिकायत का समय पर निराकरण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही थाना स्तर पर लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा करने पर भी जोर दिया गया।
फरसगांव थाना निरीक्षण के दौरान पुलिस अधीक्षक ने कानून-व्यवस्था से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी लेते हुए क्षेत्र में पुलिसिंग को और प्रभावी बनाने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। निरीक्षण का उद्देश्य थाना स्तर पर कार्यों की समीक्षा कर प्रशासनिक और जांच संबंधी प्रक्रियाओं को अधिक व्यवस्थित बनाना रहा।
कोंडागांव पुलिस के अनुसार जिले में बेहतर पुलिसिंग, अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए समय-समय पर थानों का निरीक्षण और समीक्षा की कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में फरसगांव थाना का यह निरीक्षण किया गया, जिसमें थाना के प्रशासनिक, विवेचनात्मक और रिकॉर्ड प्रबंधन से जुड़े विभिन्न पहलुओं की समीक्षा की गई।



